शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष: तीर्थ रक्षा हेतु प्रदेशव्यापी आयोजनों की व्यापक तैयारी

शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष: तीर्थ रक्षा हेतु प्रदेशव्यापी आयोजनों की व्यापक तैयारी

 

“शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष” के अवसर पर तीर्थों की रक्षा, संरक्षण एवं
समाज में जागरूकता के उद्देश्य से प्रदेशव्यापी कार्यक्रमों की
व्यापक रूपरेखा तैयार की जा रही है।
इसी क्रम में दिनांक 04–05 जनवरी 2026 को इन्दौर में
समिति के चेयरमेन श्री जवाहरलाल जैन की उपस्थिति में
मध्यांचल तीर्थक्षेत्र कमेटी के अध्यक्ष श्री डी.के. जैन,
राष्ट्रीय मंत्री श्री हंसमुख जैन गांधी,
श्री अमित जैन कसलीवाल तथा
श्री गोपीचंद जी के साथ विभिन्न कार्यक्रमों के संबंध में
विस्तृत चर्चा की गई।

चर्चा के पश्चात यह महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया कि
“शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष” के उपलक्ष्य में
₹5/- मूल्य का स्मारक डाक टिकट
भारत सरकार द्वारा जारी कराया जाएगा।
इस हेतु श्री गोपीचंद जी जैन एवं
श्री स्वप्निल जैन (इन्दौर) को
डाक टिकट से संबंधित समस्त आवश्यक कार्यवाही का दायित्व सौंपा गया।

मध्यांचल के अध्यक्ष श्री डी.के. जैन ने अत्यंत उत्साह के साथ
अंचल अंतर्गत “शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष” के सभी कार्यक्रमों
को सफलतापूर्वक संपन्न कराने हेतु अपनी पूर्ण स्वीकृति प्रदान की
तथा कार्यक्रमों की निम्नानुसार रूपरेखा प्रस्तुत की—

तीर्थ रक्षा संकल्प दिवस – कार्यक्रमों की रूपरेखा

प्रथम चरण

तीर्थ रक्षा संकल्प दिवस: 15 मार्च 2026
स्थान: इन्दौर, भोपाल, जबलपुर, सागर एवं ग्वालियर

द्वितीय चरण

तीर्थ रक्षा संकल्प दिवस: 03 अथवा 10 मई 2026
स्थान: धार, रायसेन, विदिशा, उज्जैन, मंदसौर-नीमच,
गुना, अशोकनगर, भिंड, छतरपुर एवं टीकमगढ़

तृतीय चरण

तीर्थ रक्षा संकल्प दिवस: 02 अथवा 09 अगस्त 2026
स्थान: खरगोन, झाबुआ, कटनी, नरसिंहपुर, सिवनी, बालाघाट,
छिंदवाड़ा, देवास, रतलाम, शिवपुरी, मुरैना एवं दमोह

दिगम्बर जैन महासमिति के साथ महत्वपूर्ण विचार-विमर्श

दिनांक 05 जनवरी 2026 को दिगम्बर जैन महासमिति के
राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अशोक जी जैन बड़जात्या के
इन्दौर स्थित कार्यालय में
भारतवर्षीय दिगम्बर जैन तीर्थक्षेत्र कमेटी मध्यांचल के अध्यक्ष
श्री डी.के. जैन के साथ
तीर्थक्षेत्र कमेटी के उन्नयन एवं विकास के संबंध में
विस्तृत विचार-विमर्श हुआ।

श्री अशोक जी जैन ने कहा कि प्रदेश में स्थान-स्थान पर
तीर्थक्षेत्र कमेटी के कार्यक्रम आयोजित किए जाने चाहिए,
जिससे समाज को यह जानकारी प्राप्त हो सके कि
तीर्थक्षेत्र कमेटी द्वारा कौन-कौन से कार्य किए जा रहे हैं।
इससे संस्था की एक सशक्त पहचान बनेगी तथा अधिक से अधिक समाजजन
स्वयं संस्था से जुड़ेंगे, जिससे तीर्थक्षेत्र कमेटी की
आर्थिक स्थिति भी सुदृढ़ हो सकेगी।

उनके अमूल्य समय एवं मार्गदर्शन हेतु
मध्यांचल अध्यक्ष श्री डी.के. जैन ने
विशेष रूप से उनका आभार व्यक्त किया।

लगभग चार घंटे की चर्चा के पश्चात
मध्यांचल अध्यक्ष की सहमति से
उपर्युक्त कार्यक्रमों को अंतिम रूप प्रदान किया गया।

— श्री जवाहरलाल जैन
चेयरमेन
शतकोत्तर रजत स्थापना वर्ष समिति


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